छत्तीसगढ़ : सरगुजा जिले के Surguja district अंतर्गत Sitapur police station क्षेत्र में सामने आए नाबालिग छात्राओं से जुड़े गंभीर मामले में पुलिस ने तेज कार्रवाई करते हुए 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में तीन नाबालिग भी शामिल बताए जा रहे हैं।
जांच जारी, और नाम सामने आने की संभावना
पुलिस अधिकारियों के अनुसार मामले की जांच अभी प्रारंभिक चरण में है और विवेचना आगे बढ़ने पर अन्य संदिग्धों के नाम भी सामने आ सकते हैं। पुलिस टीम पूरे घटनाक्रम की हर कड़ी को जोड़ने में जुटी हुई है।
मेडिकल जांच में सामने आए अहम संकेत
पीड़ित छात्राओं का मेडिकल परीक्षण अंबिकापुर मेडिकल कॉलेज में कराया गया। डॉक्टरों की टीम ने संकेत दिया है कि घटना की आशंका से इंकार नहीं किया जा सकता, हालांकि रिपोर्ट में स्थिति को स्पष्ट शब्दों में दर्ज नहीं किया गया है।इससे पहले स्थानीय स्तर पर भी मेडिकल जांच कराई गई थी, जिसमें अलग-अलग निष्कर्ष सामने आने के बाद मामला और जटिल हो गया था।
घटना का पूरा घटनाक्रम क्या बताया जा रहा है
जानकारी के अनुसार 24 अप्रैल की रात चार नाबालिग छात्राएं एक शादी समारोह से लौट रही थीं। इसी दौरान रास्ते में कुछ युवकों ने उन्हें रोका। बताया जा रहा है कि दो छात्राओं को बाइक पर बैठाकर अलग ले जाया गया, जबकि बाकी दो किसी तरह वहां से बच निकलने में सफल रहीं।इस दौरान एक छात्रा ने चलती बाइक से कूदकर खुद को बचाने की कोशिश की, जिससे उसे चोटें भी आईं।
राजनीतिक हलचल भी शुरू, प्रशासन पर उठे सवाल
घटना सामने आने के बाद इलाके में राजनीतिक हलचल भी तेज हो गई है। कुछ लोगों ने पुलिस कार्रवाई और मेडिकल जांच में देरी को लेकर सवाल खड़े किए हैं। वहीं जिला पंचायत सदस्य रतनी नाग ने पीड़ित परिवारों को अंबिकापुर मेडिकल कॉलेज पहुंचाने में मदद की।
पुलिस का दावा: ठोस जांच से मिलेगा न्याय
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पूरी जांच पारदर्शी तरीके से की जा रही है और आरोपियों के खिलाफ मजबूत साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं, ताकि उन्हें कानून के तहत सख्त सजा दिलाई जा सके।फिलहाल पूरे मामले पर पुलिस की निगरानी लगातार बनी हुई है और आगे की कार्रवाई जांच के नतीजों पर निर्भर करेगी।








