सक्ती: छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले में मंगलवार दोपहर एक बड़ा औद्योगिक हादसा सामने आया, जहां वेदांता पावर प्लांट में बॉयलर फटने से भीषण विस्फोट हुआ। इस दर्दनाक घटना में अब तक 20 मजदूरों की मौत हो चुकी है, जबकि कई घायल अस्पताल में जिंदगी की जंग लड़ रहे हैं।
मुख्यमंत्री का सख्त रुख, बिलासपुर कमिश्नर करेंगे जांच
हादसे के बाद मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने तुरंत एक्शन लेते हुए मामले की जांच के आदेश दे दिए हैं। बिलासपुर कमिश्नर की अगुवाई में टीम आज घटनास्थल पर पहुंचकर पूरे मामले की पड़ताल करेगी। मुख्यमंत्री ने साफ कहा है कि इस हादसे में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी और घायलों के इलाज में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी।
कंपनी ने खोला मुआवजे का पिटारा, परिवारों को बड़ी राहत का ऐलान
वेदांता प्रबंधन ने हादसे के बाद मृतक मजदूरों के परिजनों को 35-35 लाख रुपये देने की घोषणा की है। साथ ही प्रत्येक प्रभावित परिवार के एक सदस्य को नौकरी देने का वादा किया गया है। घायलों के लिए 15 लाख रुपये की सहायता राशि तय की गई है।
राज्य सरकार भी आई आगे, पीड़ितों को आर्थिक सहारा
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने इस हादसे पर गहरा शोक जताते हुए राज्य सरकार की ओर से मदद का ऐलान किया है। मृतकों के परिजनों को 5-5 लाख रुपये और घायलों को 50-50 हजार रुपये की तत्काल सहायता दी जाएगी, ताकि इस कठिन समय में परिवारों को सहारा मिल सके।
कैसे हुआ हादसा, दोपहर में गूंजी जोरदार धमाके की आवाज
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, डभरा थाना क्षेत्र के ग्राम सिंघीतराई स्थित प्लांट में दोपहर करीब 3 बजे अचानक बॉयलर फट गया। धमाका इतना तेज था कि पूरे परिसर में अफरा तफरी मच गई और कई मजदूर इसकी चपेट में आ गए।
इलाके में शोक का माहौल, अस्पतालों में चल रहा इलाज
घटना के बाद घायलों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज जारी है। हादसे के बाद पूरे क्षेत्र में शोक और दहशत का माहौल बना हुआ है, जबकि प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है।








